झंडूता में अधर में लटकी कुटबांगड़ पेयजल योजना को लेकर प्रदेश कांग्रेस के पूर्व महासचिव विवेक कुमार ने गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि 2019 में योजना कार्य बिना वन विभाग की एनओसी से कर दिया, जिस कारण आज तक इस योजना से लोगों को पेयजल आपूर्ति शुरू नहीं हो पाई है। बिलासपुर में आयोजित पत्रकार वार्ता में उन्होंने कहा कि भाजपा नेता जनता को गुमराह करने के कार्य कर रहे हैं। 2019 में जब भाजपा की सरकार थी, तो उस समय बिना वन विभाग की एनओसी लिए योजना का कार्य शुरू किया गया। हैरानी का विषय है कि अधिकारियों ने भी इसमें कोई आपत्ति नहीं जताई। उन्होंने सवाल उठाए की जब एनओसी ही नहीं मिली थी तो इस काम के बिल कैसे पास हुए। संबंधित अधिकारी बताएं कि उन्होंने किसी नेता के दबाव में यह कार्य किया। उन्होंने बताया कि योजना पर 37.46 करोड़ रुपये खर्च हो चुके हैं। बिजली का कनेक्शन न होने से योजना शुरू नहीं हुई है, क्योंकि वहां पर केंद्रीय वन मंत्रालय से एनओसी की आवश्यकता है। भाजपा ने इस मामले को लेकर केवल दो बार पत्राचार किया, जबकि कांग्रेस इसे शुरू कराने के लिए करीब 25 बार पत्राचार किया है। कांग्रेस इसे शुरू कराने के लिए प्रयासरत है। भाजपा ने इस मामले में लोगों को गुमराह किया जिस कारण पेयजल योजना शुरू नहीं हुई। उन्होंने बताया कि योजना में बने टैंक बिना पानी के फटने की कगार पर है, जिसके लिए भाजपा नेता और संबंधित अधिकारी जिम्मेदार हैं। इस मौके पर जितेंद्र महाजन और मानेंद्र चंदेल सहित अन्य मौजूद रहे।