रेवाड़ी। हरियाणा राज्य नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो की ओर से नशे के खिलाफ चलाए जा रहे जन-जागरूकता अभियान के तहत गांव धामलावास में एक दिवसीय जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों, युवाओं और ग्रामीणों को नशे के शारीरिक, मानसिक, सामाजिक और आर्थिक दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक किया गया। कार्यक्रम हरियाणा राज्य नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक संजय कुमार, आईपीएस के दिशा-निर्देश तथा संयुक्त पुलिस आयुक्त, फरीदाबाद एवं ब्यूरो के पुलिस उप-महानिरीक्षक राजेंद्र कुमार मीणा, आईपीएस के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया। ब्यूरो के जागरूकता कार्यक्रम एवं पुनर्वास प्रभारी उप निरीक्षक डॉ. अशोक कुमार वर्मा ने विद्यार्थियों और ग्रामीणों से संवाद करते हुए नशे की समस्या के कारणों और उसके समाधान पर चर्चा की। डॉ. वर्मा ने कहा कि नशा केवल व्यक्ति का जीवन बर्बाद नहीं करता, बल्कि पूरे परिवार की सुख-शांति और आर्थिक स्थिति को प्रभावित करता है। नशे की शुरुआत कई बार जिज्ञासा, गलत संगति या मित्रों के दबाव में होती है, लेकिन धीरे-धीरे यही आदत व्यक्ति के भविष्य को अंधकारमय बना देती है। युवाओं को नशे से दूर रहकर अपनी ऊर्जा शिक्षा, खेल, रोजगार, सामाजिक सेवा और रचनात्मक गतिविधियों में लगाने का आह्वान किया गया। भावनात्मक संदेश देते हुए डॉ. वर्मा ने कहा, “नशा होता अच्छा तो मां कहती-खा ले मेरे बच्चा।” उन्होंने कहा कि कोई भी मां अपने बच्चे को नशे की गिरफ्त में नहीं देखना चाहती। इसलिए युवाओं को अपने माता-पिता की उम्मीदों और उज्ज्वल भविष्य को ध्यान में रखते हुए नशे से दूर रहना चाहिए। उन्होंने बताया कि हरियाणा राज्य नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो नशे के खिलाफ प्रवर्तन, जागरूकता तथा उपचार एवं पुनर्वास के स्तर पर काम कर रहा है। नशा तस्करों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई के साथ आमजन को जागरूक किया जा रहा है। वहीं नशे की लत से पीड़ित लोगों को उपचार और पुनर्वास के जरिए समाज की मुख्यधारा में वापस लाने के प्रयास किए जा रहे हैं। कार्यक्रम में डॉ. वर्मा ने कविता के माध्यम से भी युवाओं को संदेश दिया— “चल नशेड़ी नशा छोड़ दे, है यह बुरी बीमारी, एक बार जो लत पड़ जाए, जीवन हो जाए भारी।” कविता की प्रस्तुति के दौरान “चल नशेड़ी नशा छोड़ दे” गीत पर करतल ध्वनि से पूरा माहौल गूंज उठा। उन्होंने कहा कि समय पर उपचार, उचित मार्गदर्शन और परिवार के सहयोग से नशे की गिरफ्त में आया व्यक्ति भी सामान्य और सम्मानजनक जीवन जी सकता है। उन्होंने विद्यार्थियों से अपील की कि नशीले पदार्थों की बिक्री, तस्करी या अन्य संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी मिलने पर हरियाणा राज्य नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो की हेल्पलाइन 90508-91508 अथवा राष्ट्रीय नारकोटिक्स हेल्पलाइन 1933 पर सूचना दें। सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान गोपनीय रखी जाती है।