अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश हर्षाली चौधरी की अदालत ने अवैध भ्रूण लिंग निर्धारण से जुड़े मामले में आरोपी आनंद कुमार की नियमित जमानत अर्जी खारिज कर दी। आरोपी राजस्थान के कोटपूतली का रहने वाला है। उसके खिलाफ 19 जनवरी 2026 को मामला दर्ज किया गया था। 18 जनवरी को स्वास्थ्य विभाग की पीसी-पीएनडीटी टीम को सूचना मिली थी कि राजस्थान-हरियाणा सीमा पर भ्रूण लिंग जांच करने वाला गिरोह सक्रिय है। टीम ने डिकोय महिला के माध्यम से जाल बिछाया, जिसमें 80 हजार रुपये में लिंग परीक्षण का सौदा तय हुआ। जांच के दौरान महिला को आरोपी आनंद के घर ले जाया गया, जहां पोर्टेबल अल्ट्रासाउंड मशीन से अवैध जांच किए जाने का आरोप है। छापेमारी में मशीन, उपकरण और वाहन बरामद कर आरोपियों को मौके से पकड़ा गया। बचाव पक्ष ने आरोपी को झूठा फंसाए जाने और जांच में सहयोग की दलील दी, लेकिन अदालत ने अपराध की गंभीरता, संगठित गतिविधि और जांच लंबित होने को आधार मानते हुए जमानत देने से इनकार कर दिया।