गांव रामबास में प्रतिवर्ष आयोजित होने वाले धार्मिक उत्सव के तहत इस वर्ष भी 1 अप्रैल को 101 कलश के साथ भव्य कलश यात्रा निकाली गई। शोभायात्रा पूरे गांव में धार्मिक माहौल के बीच संपन्न हुई, जिसमें महिलाओं, युवाओं और ग्रामीणों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। भजन-कीर्तन और जयकारों से वातावरण पूरी तरह भक्तिमय हो गया। आयोजन से जुड़े भगत राधेश्याम ने बताया कि 2 अप्रैल को विशाल भंडारे का आयोजन किया जाएगा, जिसमें सभी श्रद्धालुओं के लिए प्रसाद की व्यवस्था रहेगी। इसके साथ ही 3 अप्रैल को वार्षिक मेले का आयोजन किया जाएगा, जिसमें आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की उम्मीद है। उन्होंने सभी भक्तजनों से अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर प्रसाद ग्रहण करने और मेले का आनंद लेने का आह्वान किया। भगत राधेश्याम ने कहा कि यह आयोजन वर्षों से गांव की आस्था, संस्कृति और सामाजिक एकता का प्रतीक बना हुआ है। ग्रामीणों में इस आयोजन को लेकर खासा उत्साह है और इसे गांव की पहचान व गौरव से भी जोड़ा जाता है।