हरियाणा कर्मचारी महासंघ से संबद्ध एचएसईबी वर्कर्स यूनियन के बैनर तले जींद यूनिट के कर्मचारियों ने कार्यकारी अभियंता विकास मलिक के खिलाफ 12वें दिन भी धरना जारी रखा। धरने की अध्यक्षता यूनिट प्रधान हरिओम ने की, जबकि मंच संचालन यूनिट सचिव धर्मवीर बैरागी ने किया। कर्मचारियों का आरोप है कि दक्षण हरियाणा बिजली वितरण निगम (डीएचबीवीएन) जींद के कार्यकारी अभियंता विकास मलिक द्वारा कर्मचारियों को लगातार प्रताड़ित किया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि कार्यकारी अभियंता उपमंडल अधिकारियों पर दबाव बनाकर कर्मचारियों को अनुपस्थित दर्शवाते हैं, जबकि जेई इंचार्ज द्वारा उनकी उपस्थिति का प्रमाण पत्र जारी किया जाता है। इसके बावजूद गलत तरीके से दबाव बनाकर कर्मचारियों का वेतन रोका जा रहा है। यूनियन नेताओं ने कहा कि उपमंडल अधिकारियों को दरकिनार कर कर्मचारियों को बेवजह परेशान किया जा रहा है। यदि कार्यकारी अभियंता कार्यालय में बैठकर समस्या का समाधान नहीं करते हैं तो सोमवार से कार्य बहिष्कार (वर्क सस्पेंड) करने का फैसला लिया जा सकता है। पूर्व उपमहासचिव राजेश शर्मा, पूर्व उप राज्य प्रधान राजा शामदो, पूर्व उप राज्य प्रधान वीरेंद्र गोयत और पूर्व सर्किल सचिव राजेश आसन ने संयुक्त बयान में कहा कि जब तक कार्यकारी अभियंता कर्मचारियों की उपस्थिति दर्ज कराकर उनका वेतन जारी नहीं करते और दोषी उपमंडल अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई नहीं होती, तब तक धरना जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि जब तक कार्यकारी अभियंता धरना स्थल पर आकर कर्मचारियों और संगठन से माफी नहीं मांगते, तब तक आंदोलन खत्म नहीं किया जाएगा। यूनियन ने यह भी निर्णय लिया कि कार्यकारी अभियंता जिस भी सब डिविजन में जाएंगे, वहां कर्मचारियों द्वारा उनका घेराव किया जाएगा। इस प्रस्ताव को धरने में मौजूद कर्मचारियों ने हाथ उठाकर समर्थन दिया। धरने में यूनिट उप प्रधान सुनील मुंडे, यूनिट कैशियर जगदीश गोयत (जेई), सर्किल डिवीजन प्रधान सुरेंद्र कौशिक, सिटी प्रधान सुरेंद्र जागलान, सब यूनिट नंबर दो के प्रधान वजीर व सचिव विशाल, जुलाना प्रधान संदीप दलाल व सचिव मनोज मलिक, नगूरा प्रधान सुरेंद्र व सचिव संदीप किठाना, एचवीपीएन प्रधान धर्मवीर, सब यूनिट नंबर एक के प्रधान अजमेर व सचिव राजीव रोहिल्ला, जसबीर, कश्मीर (जेई), कुलदीप, रामनिवास जुलाना, वरुण, चांद, अनिल (पूर्व सब यूनिट प्रधान) सहित अनेक कर्मचारी मौजूद रहे।