आंगनबाड़ी वर्करों ने अपनी मांगों को लेकर सरकार के खिलाफ एक बार फिर मोर्चा खोल दिया है। बुधवार को लघु सचिवालय में आंगनबाड़ी वर्करों ने अपनी मांगों को लेकर सरकार के खिलाफ तीन दिवसीय हड़ताल शुरू की। आंगनबाड़ी वर्करों ने अपनी मांगों को लेकर सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करते हुए नारेबाजी की। आंगनबाड़ी कर्मचारियों ने मांग पूरी नहीं होने पर सरकार को हड़ताल आगे बढ़ाने की चेतावनी दी। प्रधान बालेश जाखड़ ने कहा कि हमारी कोई नई मांग नहीं है, सभी पुरानी मांगे हैं। उनको सरकार ने अब तक पूरा नहीं किया है। सरकार का कर्मचारियों की तरफ कोई ध्यान ही नहीं है। हमारी मुख्य मांग तीन है, जिसमें आंगनबाड़ी कर्मचारियों को कुशल अर्ध कुशल का दर्जा दिया जाए, आंगनबाड़ी कर्मचारियों को काम करने के लिए संसाधन दिए जाए और कर्मचारियों को न्यूनतम वेतन 26 हजार दिया जाए। इन सभी मांगों को लेकर आंगनबाड़ी कर्मचारी लगातार संघर्ष कर रही हैं। हमारा संघर्ष जब तक जारी रहेगा, जब तक सरकार आंगनबाड़ी कर्मचारियों की मांगों को पूरा नहीं कर देती। उन्होंने कहा कि सरकार ने आंगनबाड़ी कर्मचारियों को ऑनलाइन काम करने के लिए 2जी और 3जी मोबाइल फोन दे रखे हैं, जिससे बिल्कुल भी ऑनलाइन काम नहीं हो रहा है। कर्मचारियों की समस्या से अधिकारी भी बलि बाती अवगत है, लेकिन कोई भी समाधान अब तक नहीं किया गया है और हम सरकार को मोबाइल फोन वापस लौटाएंगे। हमने तीन दिवसीय हड़ताल शुरू की है। अगर सरकार ने कर्मचारियों की मांगों को पूरा नहीं किया तो हड़ताल को आगे बढ़ाया जा सकता है, जिसकी जिम्मेदारी सरकार की होगी।