साल में दो बार खरमास का समय आता है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार जब-जब सूर्यदेव बृहस्पति की राशि धनु और मीन में प्रवेश करते हैं तब-तब खरमास लगता है। खरमास का आरंभ 16 दिसंबर 2023 से हो रहा है। खरमास के दौरान सूर्य की चाल थोड़ी धीमी हो जाती है। सूर्य के धनु राशि में प्रवेश करते ही खरमास प्रारम्भ हो जाएगा। इस दौरान कुछ बातों का खास ख्याल रखना चाहिए। आइए जानते हैं खरमास में ईश्वर की कृपा पाने और अपने पुण्यों की वृद्धि करने के लिए क्या उपाय करें
सूर्य की उपासना
खरमास में रोजाना सूर्यदेव को अर्घ्य देना चाहिए। इससे आपको कभी रोग दोष नहीं होगा। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस महीने में नित्यप्रति सूर्य भगवान की पूजा करना और आदित्य ह्रदय स्त्रोत का पाठ करना बहुत फलदाई माना जाता है। पाप नाशक और पुण्य वृद्धि कारक भगवान सूर्य को इस मंत्र- 'सूर्यदेव महाभाग ! त्र्योक्य तिमिरापह। मम पूर्व कृतंपापं क्षम्यतां परमेश्वरः। को पढ़ते हुए अर्घ्य देने से आयु, विद्या बुद्धि और यश की प्राप्ति होती है। उत्तम स्वास्थ्य, शिक्षा, संतान और यश-कीर्ति की प्राप्ति, सामाजिक प्रतिष्ठा, प्रतियोगिता में सफलता, करियर में कामयाबी के लिए लोगों को प्रातः उदय होते लाल सूर्य की आराधना करनी चाहिए।
श्रीकृष्ण की पूजा का महत्व
खरमास में भगवान श्रीकृष्ण के मंत्रों के जाप से आपको कभी किसी भी समस्या का सामना नहीं करना पड़ेगा। खरमास में व्यक्ति को अपने इष्टदेव की पूजा-सेवा करने एवं दान-पुण्य करने से पुण्यों में वृद्धि होती है और जीवन में आए संकट दूर होने लगते हैं। इस महीने भगवान विष्णु के किसी भी अवतार और शिवपरिवार की उपासना करना विशेष फलदाई है।
सत्यनारायण की कथा
खरमास में सत्यनारायण की कथा पढ़ना बेहद शुभ माना जाता है। पूरे परिवार को साथ बैठकर कथा सुननी चाहिए। इससे अक्षय फल की प्राप्ति हो सकती है।
तुलसी, केला और पीपल की पूजा
खरमास के पूरे माह में तुलसी जी को नियमित जल देने और संध्या के समय दीपक प्रज्वलित करने से से माँ लक्ष्मी की कृपा मिलती है। इसी प्रकार पीपल और केले के पेड़ की पूजा करने से उत्तम फल की प्राप्ति होती है।
दान-पुण्य
गरीब लोगों और जरुरतमंदों की मदद करने से आप पर ईश्वर का आशीर्वाद बना रहता है। तिल, गुड़, गर्म कपड़े, कंबल आदि इस महीने में दान करना शुभ माना गया है।
भूलकर भी न करें
- ज्योतिष मान्यता के अनुसार इस महीने में मुंडन, गृहप्रवेश, सगाई एवं शादी-विवाह आदि जैसे मांगलिक कार्य करना अशुभ माना गया है।
- खरमास महीने में मकान, जमीन, प्लॉट या रियल स्टेट से जुड़ी चीजों का क्रय करना अच्छा नहीं माना गया है।
- अगर आप बेटी की विदाई कर रहे हैं, तो खरमास के बाद ही करें। खरमास में विदाई नहीं करना चाहिए।
- इस माह में नया वाहन खरीदने से बचने चाहिए। इस दौरान वाहन खरीदने से दुर्घटना के योग बनते हैं।
यह भी पढ़ें-