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खूबसूरत वाकया था तुमसे मिलना

Saroj Yadav

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            बहुत खूबसूरत वाकया था तुमसे मिलना
        
                                                    
                            
चाहे आज बेशूमार आंसू हैं मेरी
आंखों में तब भी
जिंदगी की सबसे हसीन एहसास और वक्त कैद है उन लम्हो में

बहुत खूबसूरत वाकया था तुमसे मिलना
चाहे आज मेरी बातों को सुनने का भी वक्त नही तुम्हारे पास
जिंदगी के सबसे कोमल खूबसूरत मखमली शब्द कैद हैं उन लम्हों में

बहुत खूबसूरत वाकया था तुमसे मिलना
चाहे आज दो कदम भी चलने का वक्त नही मेरे साथ तुम्हे
जिंदगी का सबसे हसीन सफर कैद है उन लम्हों में

बहुत खूबसूरत वाकया था तुमसे मिलना
चाहे आज बहुत नफरत भी हो तुम्हे मुझसे
जिंदगी भर का प्रेम समाहित है उन लम्हों में

बहुत खूबसूरत वाकया था तुमसे मिलना
चाहे आज कोई बात नही मुझसे कहने को तुम्हारे पास
जिंदगी भर गुनगुनाने को तेरे गीत कैद हैं उन लम्हों में

बहुत खूबसूरत वाकया था तुमसे मिलना
हाँ, सचमुच बहुत ही खूबसूरत वाकया था तुमसे मिलना

सरोज यादव सरु

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