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मुश्किल है अब गरमी सहना।

Sanjai kumar

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            भीषण गरमी में जी अकुलाए
        
                                                    
                            
हों लें ताजा खूब नहाएं
करें छपाक कूदकर जल में
छू-मंतर हो गरमी पल में

पशु-पक्षी नर सब व्याकुल हैं
ठण्डक पाने को आकुल हैं
देखो भैया ! बचकर रहना
मुश्किल है अब गरमी सहना।
एक घंटा पहले
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Suresh Kumar

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