हमारी तो ये है कहानी
छाती ठोक कर कहते हैं
हम हैं हिन्दुस्तानी
जो सिर्फ देश के लिए जिया ,यहां वो कलाम है
नींव इस देश की ,वो एक किसान है
इस देश पर तो कुर्बान लाखों जान है
ढाल इस देश का ,यहां का जवान है
यहां हर राम में छिपा एक रहमान है
यहां तो हिन्दू भाई का नाम भी खान है
यहां की गीता में भी क़ुरान है
यहां तो हर नमस्ते मे भी सलाम है
और अल्लाह ,.......वो ही तो भगवान है
यहां इसाइयों के भी गुराबान हैं
ये तो एकता का एक जहान है
तिरंगा ही यहां हम सब की शान है
यहां की बलि में भी होती कुर्बानी
गर्व से कहते हैं हम ,हम हैं हिन्दुस्तानी
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