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सुना है तुमने पूरी दुनिया की सैर कर ली है

Prem Narayan

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            बढ़ाया फासला तुमने जब से मैं हो गया खाक गर ना हो यकीं तो दिल में उतर कर देख लो
        
                                                    
                            
ऐ कश्ती के मुसाफिर बीच भंवर में आकर मैं फस गया ये तुम दरिया में उतर कर देख लो
क्या बुरा किया मंजिल पे निगाह रख दिया और ठोकर ना लगे तुझे राह का पत्थर देख लो
जानता हूं तेरे चाहने वालों की कमी नहीं इस दुनिया में एक बार तो तुम छुपे खंजर देख लो
सुना है तुमने पूरी दुनिया की सैर कर ली है पहले से गर मिले वक्त तो शहर मेरा तुम देख लो
22 घंटे पहले
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