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नसीब में सबके ख्वाहिशों का मुकम्मल होना लिखा नहीं होता

Nathuram Kaswan

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                            चांद की ख़्वाहिश न होती गर फ़लक पर चांद दिखा नहीं होता
        
                                                    
                            
नसीब में सबके ख्वाहिशों का मुकम्मल होना लिखा नहीं होता
-डॉ.एन.आर. कस्वाँ 
3 वर्ष पहले
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