हैं कान्हा मुझें एक बात बता दो
कब ठीक होंगे मेरे हालात बता दो
कब तक में यूँ परेशान रहूंगी
कब तक ये दुख दर्द सहूँगी
आज सारा हाल दिल का आपसे कहूंगी
आज नही मेँ चुप रहूंगी
कब आएंगे अच्छे दिन बता दो
है कान्हा मुझें एक बात बता दो,
समझ नही आते किसी को
ये बहते आँशु के धारे इनकी धार थमा दो
हे कान्हा एक बता दो,
तुम्हारे शिवा कोई और कहाँ है
जिसके सामने रोऊ वो कन्धा कहाँ है
कब सुधरेंगे मेरे हालात बता दो
-मंजू आस्था