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देह चरित

Manish Pandey

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            मंदिर है, ये देह,
        
                                                    
                            
खूब करो इसे, स्नेह,

इसी से है, सारा अस्तित्व
सुख और भोग की यही है, नींव,

कदर करो, इस काया की,
अनुभूति के, माया की,

यंत्र समान,इसकी संरचना
"अति" हर बात से, सदा ही बचना।

देह है आत्मा की अभिव्यक्ति,
इससे बड़ी, नहीं कोई शक्ति।।
एक वर्ष पहले
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