इनायत है रब की
रौनक है घर की
चहेती है सबकी
फूल सी लड़की
सुबह शाम चहकती
आसमान में उड़ती
कभी बोझ नहीं होती
मन को लुभाती
फुल सी लड़की
ताज है मां-बाप के सर की
राज है मां बाप के खुशी की
खुशियां समेटे है जमाने भर की
हंसी लुटाती भर भर की
फूल सी लड़की
हिम्मत कभी नहीं हारती
होती है थोड़ी शरारती
मां बाप को दिन भर निहारती
परियों सी चमकती
फूल सी लड़की
हिम्मत सबकी बढ़ाती
सब पर प्यार लुटाती
अपनी परवाह नहीं करती
भाई-बहन मम्मी पापा
सबसे प्यार करती
फूल सी लड़की
दादा जी ,दादी जी
नाना जी,नानी जी
सभी अपनों की
खबर रखती
फूल सी लड़की
सबके चेहरे पर
खुशी देती
रौनक है घर की
फूल सी लड़की
जीवन उन्नत कर देती
चारो ओर रौशन करती
हर तरफ़ खुश्बू बिखेरती
घर को स्वर्ग बनाती
इबादत है ख़ुदा की
फूल सी लड़की