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खुदी अपनी तस्वीर बना कर के दोस्त

KATIB.31 (MD

Mere Alfaz
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                            किसी के दिल मै आग लगाई गई है
        
                                                    
                            
किसी की फिर से माग सजाई गई है

हुई है थोड़ी दर मुझे ये लग रहा है
यहा फेरो कि आग जलाई गई है

खुदी अपनी तस्वीर बना कर के दोस्त
कहा केसी तस्वीर बनाई गई है

सजे है फिर से हाथ किसी के हिना से
क्यो मोहब्बत लाचार दिखाई गई है

बना के अपना देख लिया हर किसी को
सभी की सूरत दिल में बसाई गई है

 
एक घंटा पहले
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विजय कुमार

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