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ममता का आशीष

Jyoti Barnwal

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            ममता का आशीष
        
                                                    
                            

मेरे दोनों बच्चे गुनगुन और किशुक,

दोनों ही हैं मेरी आँखों में समाए।

जुग-जुग जीओ मेरे प्यारे लाल,

तुम्हें लगे न कोई आंच!
जीमूतवाहन की कृपा रहे तुम पर,

खुशियां बरसें तुम्हारे जीवन भर।

दीर्घायु का वरदान मिले तुम्हें,

सफलता की हर एक राह मिले तुम्हें।
जितिया मां का आंचल हो भारी,

दूर रहे तुमसे हर विपदा सारी।

चमकते रहो तुम चांद-तारों की तरह,

बढ़ते रहो जीवन में वीर जवानों की तरह।
मां की ममता और व्रत का है बल,

सुख-समृद्धि से महके तुम्हारा हर पल।

ज्ञान बढ़े, ऊँचा नाम करो सदा,

तरक्की की राह पर कदम बढ़े सर्वदा ।
- ज्योति बरनवाल
 
4 घंटे पहले
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