उसके चाहने वाले,
इस कदर हमे बदनाम करते हैं ,
करते हैं इश्क और मोहब्बत ,
बस यही काम करते हैं ,
गम है अंदर ,
फिर भी मुस्कान करते है ,
उसकी यादों मे ही हम,
सुबह से शाम करते हैं ।
--चन्दन राय..........