यूँ याद आ रही हर पल
बस दो पल का ग़म।
आज का दिन कोई बड़ा नहीं है
पर जन्म दिवस हमारा है ।
तुम गये हो यूँ छोड़
जैसे कोई मालिक बगियाँ छोड़ ।
जहाँ खिला करते थे रंग बिरंगे फूल
आज वहाँ रह गये मुरझायें फूल ।
तुम्हारे जाने का मलाल तो नहीं
बस दो पल, याद सताती है ।