यहां से गर चला जाऊंगा एक दिन
मैं वापस लौट भी आऊंगा एक दिन
जो हमसे रूठकर रुखसत हुए हैं
उन्हें भी मैं मना लाऊँगा एक दिन
जो तुमने पाल रखी हैं उम्मीदें
ये सारे बोझ उठाऊंगा एक दिन
न देखो हसरतों से आसमां को
सितारे तोड़ कर लाऊंगा एक दिन
जुनून दिल में है कदमों में वहशत
ये सहरा पार कर जाऊंगा एक दिन
न मुझसे इस तरह आजिज हो प्यारे
बहुत मैं याद भी आऊंगा एक दिन