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ग़म कम नहीं थे मगर

Anamika singer

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            जब दुनियां ने मेरे आसमा मे अंधेरा किया
        
                                                    
                            
मैने तब खुद अपना जहां रौशन किया
मैने लोगों का जमवाड़ा इक्कठा नहीं किया
बस कुछ चुनिंदा पुष्प से अपना गुलशन आबाद किया
मैने कभी चांद सितारों की ख्वाहिश नहीं की
दीप जला कर ही अपने बसेरे में उजाला किया
माना ग़म कम नहीं थे मगर , थोड़ी सी खुशियों में
ही हंसने का हुनर सीख लिया ।
8 महीने पहले
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