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इश्क़ का साहिल

Aditya Dahiya

Mere Alfaz
                                    
                                                                        
                            उम्र भर लहरों से लड़ते रहे,
        
                                                    
                            
तब कहीं जाकर साहिल मिला है।
दिल दे दिया, जाँ दे दी तब जाकर,
हमें दीदार-ए-दिलबर मिला है।।
-आदित्य दाहिया
4 घंटे पहले
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