अमर उजाला संवाद के मंच पर सीएम योगी
सीएम योगी आदित्यनाथ
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अमर उजाला संवाद के मंच पर सबसे पहले उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हिस्सा लिया। इस दौरान सीएम योगी ने संवाद कार्यक्रम को लेकर अमर उजाला को बधाई भी दी। सीएम योगी ने कहा- 77 वर्षों की शानदार यात्रा के लिए अमर उजाला को हृदय से बधाई देता हूं और अभिनंदन करता हूं। उन्होंने कहा- 'संवाद' लोकतंत्र की सशक्त आवाज है। सीएम ने कहा- जहां संवाद बाधित होता है, वहीं से संघर्ष के रास्ते प्रारंभ होते हैं।
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पूरा भारत कुंभ में आया- सीएम योगी
Samwad 2025
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अमर उजाला संवाद में सीएम योगी ने महाकुंभ का भी जिक्र किया। सीएम योगी ने कहा कि एक प्रकार से देखा जाए तो पूरा भारत कुंभ में आया। 66 करोड़ से अधिक श्रद्धालु प्रयागराज की धरती पर आए। कही भी लूट की घटना नहीं, चोरी की घटना नहीं, अपहरण की घटना देखने को नहीं मिली। आतिथ्य सत्कार का उदाहरण कैसे प्रस्तुत होना चाहिए। उत्तर प्रदेश वासियों और प्रयागराज के स्थानीय निवासियों ने उसका एक अद्भूत परिचय देकर देश के अंतःकरण में एक छाप छोड़ी है।
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कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर बोले सीएम योगी
Samwad 2025 Lucknow
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अमर उजाला के संवाद कार्यक्रम में सीएम योगी ने कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर भी बात की। सीएम योगी ने इस दौरान पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले में हुई हिंसा का जिक्र करते हुए कहा कि जैसे आज मुर्शिदाबाद जल रहा है, याद कीजिए 2017 से पहले उत्तर प्रदेश में भी ऐसे ही होता था। मुजफ्फरनगर में छह महीने तक दंगा हुआ। बरेली के लिए तो जैसे साल में चार दंगे पेटेंट हो गए थे। अलीगढ़, लखनऊ , कानपुर जैसे जिलों में दंगे होते थे। लोग डर में रहते थे, व्यापारी व्यापार करने से घबराता था। आज तो दंगा नहीं होता। आज उत्तर प्रदेश दंगा मुक्त है।
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सीएम योगी ने खोली पिछली सरकारों की पोल
सीएम योगी आदित्यनाथ
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अमर उजाला संवाद 2025 कार्यक्रम में राज्य के इंफ्रास्ट्रक्चर विकास, विशेष रूप से पूर्वांचल एक्सप्रेसवे को लेकर पिछली सरकारों की लापरवाही और भ्रष्टाचार की पोल खोली। उन्होंने बताया कि 2016 में पूर्वांचल एक्सप्रेसवे का शिलान्यास तो हुआ, लेकिन जमीन अधिग्रहण और परियोजना की योजना तक तय नहीं थी। सीएम योगी ने कहा कि हर एक सेक्टर में उत्तर प्रदेश ने आज नई छलांग लगाई है। इंफ्रास्ट्रक्चर में उत्तर प्रदेश के बारे में तो हर कोई जानता था। सड़क में गड्ढा है या फिर गड्ढे में सड़क है, इसका पता नहीं लगता था। एक्सप्रेसवे इसलिए पिछली सरकारों के लिए बेईमानी और भ्रष्टाचार का अड्डा बन गया था। विस्तृत खबर यहां पढ़ें
लखनऊ का भारतीय राजनीति में खास महत्व- जितिन प्रसाद
जितिन प्रसाद
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अमर उजाला संवाद के मंच पर केंद्रीय मंत्री जितिन प्रसाद ने भी शिरकत की। केंद्रीय राज्यमंत्री जितिन प्रसाद ने अमर उजाला के मंच पर कारोबार और निर्यात बढ़ाने की चुनौतियों पर बात की। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि लखनऊ भारतीय राजनीति में खास महत्व रखता है। लखनऊ से मेरा बहुत अहम नाता रहा है। लखनऊ की एक अलग ही हवा है। यहां के लोग, यहां का खाना और यहां की बारीकियां यहां आकर ही पता चलती है। यहां आते ही हवा बदल जाती है। केंद्रीय राज्य मंत्री ने बताया कि यूपी डबल इंजन की सरकार का रोल मॉडल है। उन्होंने कहा कि यूपी बड़ी चीजें करने के लिए तैयार है। हमने बड़े बदलाव किए हैं।
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वक्फ समेत कई मुद्दों पर बोले मंत्री असीम अरुण
असीम अरुण, मंत्री, उत्तर प्रदेश सरकार
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अमर उजाला के 'संवाद' कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश सरकार में समाज कल्याण राज्यमंत्री असीम अरुण भी पहुंचे। 'संवाद' के मंच से उन्होंने समता और समाजिक विषय के साथ-साथ वक्फ समेत कई मुद्दों पर अपने विचार रखें। असीम अरुण ने कहा कि कोई भी ट्रेनिंग काम आती है। ट्रेनिंग हमें सिखाती है कि योजना बनाओ, सामने वाले को चित करने के लिए तैयार रहो और कुछ भी हो जाए हारना नहीं है, जान लगाकर लड़ना है। यह बात राजनीति में भी लागू है और अभी बॉक्सिंग की बात हो रही थी ये बात वहां पर भी लागू है। जो आपका व्यवहार बनता है ऐसे प्रशिक्षण से वो बहुत काम आता है। विस्तृत खबर यहां पढ़ें
'सनातन धर्म और आध्यात्म' पर अनिरुद्धाचार्य ने रखे विचार
अमर उजाला संवाद के दौरान अनिरुद्धाचार्य
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अमर उजाला के मंच पर गौरी गोपाल आश्रम के संस्थापक डॉ अनिरुद्धाचार्य ने 'सनातन धर्म और आध्यात्म' के विषय पर बेबाकी से अपने विचार रखे। उन्होंने संवाद की शुरुआत श्रीमदभगवतगीता के 18वें अध्याय के 66वें श्लोक से की। वहीं उन्होंने इस दौरान हिंदू राष्ट्र के सवाल के जवाब में कहा कि दुनिया में 52 मुस्लिम देश हैं, ऐसे में भारत के हिंदू राष्ट्र बनने पर किसी को एतराज नहीं होना चाहिए। उन्होंने नारी उत्पीड़न के खिलाफ सख्ती को लेकर भी अपनी बात रखी। विस्तृत खबर यहां पढ़ें
गीता से काम न चले तो गांडीव उठाओ- अनिरुद्धाचार्य
डॉ. अनिरुद्धाचार्य, कथा वाचक
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अमर उजाला 'संवाद' 2025 के मंच पर कथा वाचक डॉ. अनिरुद्धाचार्य ने भारत के इतिहास के साथ-साथ हिंदू और हिंदुओं के दया भावना पर बोलते हुए कहा कि- इस धरती पर केवल हिंदू दयावान हो सकता है क्योंकि हिंदू एक विचारधारा है। वहीं उन्होंने ये भी कहा कि इतनी दया मत करिए कि बहन-बेटियों को जिंदा जलना पड़े और जब गीता से काम न चले तो गांडीव उठाओ। अनिरुद्धाचार्य ने कहा- हमारे देश में घुसकर लोगों ने गर्दन काटी। सत्रह बार पृथ्वीराज चौहान ने मोहम्मद गोरी को छोड़ा। दयावान हम हैं, हम 17 मौके देते हैं, चिड़ियों को पानी देते हैं, सांप को दूध पिलाते हैं। क्या उनमें दया है? उस नालायक मोहम्मद गोरी की वजह से संयोगिता को जौहर करना पड़ा।
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राणा सांगा और औरंगजेब विवाद पर क्या बोले अनिरुद्धाचार्य
गौरी-गोपाल आश्रम के संस्थापक वाचक डॉ. अनिरुद्धाचार्य
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अमर उजाला के मंच पर डॉ. अनिरुद्धाचार्य ने राणा सांगा और मुगल शासक औरंगजेब से जुड़े विवादों पर बेबाकी से जवाब दिए। उन्होंने कहा कि औरंगजेब के वंशज तो पाकिस्तान में रहते हैं, ऐसे लोग वहीं चले जाएं सपरिवार। खाएंगे रोटी यहां की और बखान करेंगे उन मूर्खों का। ऐसे लोगों को उल्टा लटकार मिर्ची का धुआं देना चाहिए। अनिरुद्धाचार्य आगे कहा- राणा सांगा को गद्दार बताने वालों से यह पूछना चाहिए कि हमारे यहां गद्दार कौन थे, यह इतिहास बता देगा। उन्हें इतिहास पढ़ना चाहिए। विस्तृत खबर यहां पढ़ें
मंत्री रजनी तिवारी ने दिए सफलता के मंत्र
उत्तर प्रदेश की उच्च शिक्षा राज्य मंत्री रजनी तिवारी
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अमर उजाला का 'संवाद' कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश की उच्च शिक्षा राज्य मंत्री रजनी तिवारी भी पहुंचीं। उच्च शिक्षा राज्य मंत्री रजनी तिवारी ने सफलता के मंत्र साझा करते हुए कहा कि अगर किसी को आगे बढ़ना है तो हमको अपनी दिनचर्या को सुधारना होगा। सुबह सोचना होगा कि पूरे दिन हमें क्या करना है और मैं भी उसको लेकर काम करती हूं। मुझे लगता है कि मैं सारे कामों को सही ढंग से कर पाती हूं।
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पाठ्यक्रम का हिस्सा बने कौशल विकास- डॉ. हरिओम
आईएएस डॉ हरिओम
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अमर उजाला संवाद के मंच पर शिक्षा और कौशल (स्किल) के बीच बेहतर तालमेल पर बात करते हुए आईएएस डॉ हरिओम ने सॉफ्ट स्किल की महत्ता पर भी बात की। उन्होंने ऐसी बातें बताईं, जिन्हें सुनने के बाद अपने करियर को लेकर कंफ्यूज्ड युवाओं के मन की उलझन दूर हुई। डॉ. हरिओम ने सरकार द्वारा संचालित की जा रही कौशल विकास आधारित योजनाओं पर भी प्रकाश डाला। डॉ. हरिओम ने कहा कि कौशल विकास को पाठ्यक्रम का हिस्सा बनाया जाना चाहिए। विस्तृत खबर यहां पढ़ें
देश के 56% एक्सप्रेसवे आज उत्तर प्रदेश में हैं- मयूर माहेश्वरी
यूपीसीडा सीईओ मयूर माहेश्वरी
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अमर उजाला संवाद के मंच पर यूपीसीडा के सीईओ मयूर माहेश्वरी ने उत्तर प्रदेश के इंफ्रास्ट्रक्चर विकास पर जोर देते हुए बताया कि 21 एयरपोर्ट, 56 प्रतिशत एक्सप्रेसवे, और डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर के साथ राज्य ने प्रति व्यक्ति आय को 48,000 से 1,24,000 रुपये तक पहुंचाया। यह नेतृत्व के विजन और इंफ्रास्ट्रक्चर निवेश का परिणाम है। उन्होंने कहा, 'देश के 56 प्रतिशत एक्सप्रेसवे आज उत्तर प्रदेश में हैं। सबसे ज्यादा डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर का जो नेटवर्क है वो उत्तर प्रदेश के पास है।
एनईपी आने के बाद शिक्षा प्रणाली में काफी बदलाव आया- अनिल सहस्रबुद्धे
प्रो. अनिल सहस्रबुद्धे, अध्यक्ष, एनईटीएफ
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अमर उजाला संवाद के मंच पर एनईटीएफ के अध्यक्ष प्रो. अनिल सहस्रबुद्धे ने कहा कि जनरल एजुकेशन और स्किल एजुकेशन एक-दूसरे के पूरक हैं। एक समय था जब इंडस्ट्रीज कहती थीं कि हमारे ग्रेजुएट छात्र रोजगार के लायक नहीं हैं। हालांकि, एनईपी आने के बाद शिक्षा प्रणाली में काफी बदलाव आया है। टिंकरिंग लैब्स, हैकेथॉन जैसे प्रयास युवाओं में कौशल विकास को बढ़ावा दे रहे हैं। विस्तृत खबर यहां पढ़ें
विजेंदर ने साझा किया पीएम मोदी से मुलाकात का किस्सा
अमर उजाला संवाद 2025
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लखनऊ में अमर उजाला संवाद में भारत के दिग्गज मुक्केबाज और ओलंपिक पदक विजेता विजेंदर सिंह भी पहुंचे। उन्होंने खेल और खिलाड़ियों को लेकर अपने विचार साझा किए। इस दौरान विजेंदर सिंह ने प्रधानमंत्री मोदी के साथ अपनी मुलाकात का एक किस्सा भी साझा किया। उन्होंने कहा-
मैंने जब प्रधानमंत्री से मुलाकात की थी। मैंने उन्हें बताया कि हम बॉक्सिंग करते हैं तो उन्होंने मुझे कहा था कि हम सभी बॉक्सर हैं, लेकिन हम संसद में बॉक्सिंग करते हैं। तो भइया बॉक्सिंग हर जगह है, चाहे आप सीमा पर चले जाइए, चाहे आप स्कूल में चले जाइए, या कॉलेज में चले जाइए। तो संसद से बॉक्सिंग रिंग तक बॉक्सिंग ही बॉक्सिंग है।
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निकहत ने साझा किया अपने करियर से जुड़े किस्से
निकहत जरीन
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अमर उजाला संवाद कार्यक्रम के दौरान मुक्केबाज निकहत जरीन ने अपने करियर से जुड़े किस्सों को साझा किया और बताया कि किस तरह उन्होंने मुक्केबाजी में अपनी पहचान बनाई। दो बार की विश्व चैंपियन भारतीय महिला मुक्केबाज ने बताया कि महज 13 साल की उम्र में बॉक्सिंग शुरू कर दी थी, लेकिन उनके लिए यह राह आसान नहीं थी। समाज की तरफ से उन पर हिजाब पहनने का दबाव डाला गया। उनके शॉर्ट्स पहनने पर भी आपत्ति जताई गई। हालांकि, निकहत के पास उनके परिवार का समर्थन था और वह इन सब चीजों से लड़ते हुए कड़ी प्रैक्टिस पर लगी रहीं। निकहत के पिता जमील अहमद खुद पूर्व फुटबॉलर और क्रिकेटर रह चुके हैं। ऐसे में उन्होंने बेटी को खेल में करियर बनाने के लिए प्रोत्साहित किया। निकहत 2022 राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण पदक जीत चुकी हैं। विस्तृत खबर यहां पढ़ें
'38 साल बाद पहली बार श्रीनगर में स्क्रीन होगी बॉलीवुड फिल्म'
इमरान हाशमी, फिल्म अभिनेता
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अमर उजाला संवाद के मंच पर फिल्म जगत से जुड़े लोगों ने भी शिरकत की। अभिनेता इमरान हाशमी इन दिनों अपनी आगामी फिल्म 'ग्राउंड जीरो' को लेकर चर्चा में हैं। संवाद में उन्होंने फिल्म को लेकर दिलचस्प बातें साझा कीं। इमरान हाशमी ने बताया कि उनकी आगामी फिल्म 'ग्राउंड जीरो' की स्क्रीनिंग श्रीनगर में होगी। यह पहली बार होगा जब 38 साल बाद किसी बॉलीवुड फिल्म की स्क्रीनिंग घाटी में होगी। इसका सुझाव खुद उन्होंने निर्माताओं को दिया था।
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'छोरी 2' फिल्म बनाने की जरूरत क्यों पड़ी?
नुसरत भरूचा
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अमर उजाला संवाद के मंच पर अभिनेत्री नुसरत भरूचा और निर्देशक विशाल फुरिया ने भी शिरकत की। अभिनेत्री नुसरत भरूचा इन दिनों फिल्म 'छोरी 2' में नजर आ रही हैं, जिसका निर्देशन विशाल फुरिया ने ही किया है। संवाद के मंच पर फिल्म 'छोरी 2' का ट्रेलर भी दिखाया गया। इस दौरान नुसरत और विशाल फुरिया ने फिल्म और सिनेमा से जुड़ी कई दिलचस्प बातें साझा की हैं। इस दौरान ये अभिनेत्री ने ये बताया कि 'छोरी' के बाद 'छोरी 2' फिल्म बनाने की जरूरत क्यों पड़ी?
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‘छोरी 2’ के सीक्वल को लेकर बड़ा एलान
विशाल फुरिया, फिल्म निर्देशक
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अमर उजाला के मंच पर निर्देशक विशाल फुरिया ने ‘छोरी 2’ के सीक्वल को लेकर बड़ा एलान किया। ‘छोरी’ के निर्देशक विशाल फुरिया से जब ‘छोरी’ के तीसरे किस्त के बारे में पूछा गया तो उन्होंने इसे लेकर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा, ‘हां कोशिश है कि बनाएंगे। हर एक फिल्म का सीक्वल उसे मिले रिस्पॉन्स पर डिपेंड करता है। दर्शकों को फिल्म काफी पसंद आई है। यह बहुत अच्छा है। दिमाग में कुछ विचार हैं। यह जरूर बनेगी।’ इस दौरान फिल्म की अभिनेत्री नुसरत भरुचा, फिल्म के डायलॉग राइटर दिव्य प्रकाश दुबे मौजूद रहें।
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थिएटर का काम बहुत चैलेंजिंग है- जूही बब्बर सोनी
जूही बब्बर सोनी, अभिनेत्री-निर्देशक व थिएटर आर्टिस्ट
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अमर उजाला संवाद 2025 के कार्यक्रम में अभिनेत्री-निर्देशक व थिएटर आर्टिस्ट जूही बब्बर सोनी और शायर अजहर इकबाल ने शिरकत की। इस दौरान उन्होंने फिल्म और सिनेमा और साहित्य पर चर्चा की। इस दौरान थियटर पैशन को लेकर किए गए सवाल पर जूही बब्बर ने कहा, 'लखनऊ मेरा ननिहाल है। यह शहर मुझे बेहद पसंद है। यहां के दर्शकों का शुक्रिया। जहां तक बात थिएटर के चैलेंजिंग होने की है तो बिल्कुल चैलेंजिंग है। लेकिन, जो लोग थिएटर कर रहे हैं, यह उन्हीं का फर्ज बनता है कि कुछ करें। आप अपनी कला के लिए क्या कर सकते हैं कि उसकी वैल्यू बढ़े। चाहें वह लोगों की नजर में आर्ट के रूप में हो या कमर्शियल, मैं दोनों तरह से बात करूंगी।
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अजहर के नाम बदलने का दिलचस्प किस्सा
शायर अजहर इकबाल
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अमर उजाला के दो दिवसीय 'संवाद' कार्यक्रम में मशहूर शायर अजहर इकबाल ने भी शिरकत की और अपने नाम बदलने का दिलचस्प किस्सा साझा किया। इस दौरान अजहर से पूछा गया कि गूगल पर जब आपके बारे में कुछ सर्च किया जाता है तो आपकी शेरों-शायरी, वाहवाही-दाद के अलावा भी एक और चीज मिलती है, वो है एक नाम- मोहम्मद अजहरुद्दीन। तो आप अजहर इकबाल हैं या मोहम्मद अजहरुद्दीन? इस सवाल पर अजहर थोड़ा मुस्कुराएं और पुरानी यादों में खोते हुए एक दिलचस्प किस्सा निकाल लाए, जो था उनके नाम बदलने का किस्सा। उन्होंने कहा कि यह पहला मौका है, जब इस तरह का सवाल मेरे सामने आया है। विस्तृत खबर यहां पढ़ें
शिखा शर्मा की रंगोली देखकर हैरान रह गए सीएम योगी
अमर उजाला संवाद में शिखा शर्मा
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अमर उजाला संवाद 2025 में अंतरराष्ट्रीय रंगोली, पेंटिंग और क्ले कलाकार शिखा शर्मा ने भी शिरकत की है। शिखा शर्मा 100 से भी अधिक राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय पुरस्कार जीत चुकी हैं। उन्हें इंदौर की स्वच्छता अभियान की ब्रांड एंबेसडर बनाया गया और दुनियाभर के सेलिब्रिटीज ने उनके साथ आर्ट के क्षेत्र में काम किया। गोमती नगर के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में शिखा शर्मा ने रंगोली बनाई, जिसे बनाने में उन्हें चार घंटे का समय लगा। जब सीएम योगी आदित्यनाथ संवाद मंच पर पहुंचे तो उन्होंने रंगोली देखकर हैरानी से पूछा कि क्या ये हाथ से बनाई गई है। शिखा शर्मा ने यह बताते हुए काफी खुशी जाहिर की कि उनकी रंगोली देख सीएम भी प्रभावित हुए।
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फिटनेस कोच डॉ. मिकी मेहता ने साझा किया दिलचस्प किस्सा
अमर उजाला संवाद में लाइफ कोच डॉ. मिकी मेहता
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अमर उजाला संवाद के मंच पर प्रतिष्ठित लाइफ और फिटनेस कोच डॉ. मिकी मेहता ने कई दिलचस्प बातें साझा की है। डॉ. मिकी मेहता ने इस दौरान सेहत और खानपान से जुड़े टिप्स साझा किए। इसके अलावा उन्होंने बताया कि सिनेमा में उनकी बेहद दिलचस्पी है। वहीं जब उनसे पूछा गया कि क्या आप लाइफ में कुछ और भी बनना चाहते थे? इस पर उन्होंने कहा, 'मैं बचपन में बॉलीवुड की फिल्में 20 बार, 30 बार और 40 बार देखता था। स्कूल नहीं जाता था। अगर मैं इस लाइन में नहीं आता तो शायद मैं एक्टर बनता'। विस्तृत खबर यहां पढ़ें
डीआईजी नरेंद्रनाथ धर दुबे ने बताई शौर्य और पराक्रम की कहानी
नरेंद्रनाथ धर दुबे, पूर्व BSF डीआईजी
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अमर उजाला संवाद के मंच पर सीमा सुरक्षा बल (BSF) के सेवानिवृत्त डीआईजी नरेंद्रनाथ धर दुबे भी पहुंचे। दो दिवसीय इस सत्र के पहले दिन कीर्ति चक्र से सम्मानित अधिकारी नरेंद्रनाथ धर दुबे ने अपने सेवाकाल में शौर्य और पराक्रम के लम्हों की कहानियां साझा कीं। उन्होंने बताया कि साल 2003 में बीएसएफ की कार्रवाई के दौरान उन्होंने आतंकी को ढेर किया था। विस्तृत खबर यहां पढ़ें