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आज का शब्द: निडर और द्वारिका प्रसाद माहेश्वरी की सुप्रसिद्ध रचना- वीर तुम बढ़े चलो! धीर तुम बढ़े चलो!

आज का शब्द
                
                                                         
                            'हिंदी हैं हम' शब्द श्रृंखला में आज का शब्द है- निडर, जिसका अर्थ है- जिसे किसी का डर न हो, निर्भय। प्रस्तुत है द्वारिका प्रसाद माहेश्वरी की सुप्रसिद्ध रचना- वीर तुम बढ़े चलो! धीर तुम बढ़े चलो!
                                                                 
                            

वीर तुम बढ़े चलो! धीर तुम बढ़े चलो!

हाथ में ध्वजा रहे बाल दल सजा रहे
ध्वज कभी झुके नहीं दल कभी रुके नहीं
वीर तुम बढ़े चलो! धीर तुम बढ़े चलो!

सामने पहाड़ हो सिंह की दहाड़ हो
तुम निडर डरो नहीं तुम निडर डटो वहीं
वीर तुम बढ़े चलो! धीर तुम बढ़े चलो!

प्रात हो कि रात हो संग हो न साथ हो
सूर्य से बढ़े चलो चन्द्र से बढ़े चलो
वीर तुम बढ़े चलो! धीर तुम बढ़े चलो! आगे पढ़ें

3 वर्ष पहले

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