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हदें ज़ख़्मों की

                
                                                         
                            इतने जख्म खाएं हैं
                                                                 
                            
अब वार से नहीं डरते ,
कुछ खंजर अभी भी अंदर
हम तलवार से नहीं डरते ।
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3 वर्ष पहले

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😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त
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