दर्द को यूंं ना दबाया करो,
दिल उदास है तो कुछ गाया करो।
उन्हें ना सही तो क्या हुआ,
रात चाँद को गीत सुना कर दिल बहलाया करो ।
एक तुमही नहीं इस जमाने में,और कई नकारे हैं,
बस यही सोच कर मुस्कुराया करो ।
विकास यादव
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