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हिन्दू नववर्ष व राष्ट्रीय पोवारी दिवस

                
                                                         
                            मातृभाषा को प्रति प्रेम जगावनो से।
                                                                 
                            
मातृभाषा ला नवीन ऊंचाई देवावनो से।
हिन्दू नववर्ष को पावन पर्व पर धूमधाम लक,
राष्ट्रीय पोवारी दिवस आमला साजरो करनो से।।

पोवारी संस्कृति को प्रति प्रेम जगावनो से।
समाज मा सांस्कृतिक अस्मिता जगावनो से।
हिन्दू नववर्ष को पावन पर्व पर धूमधाम लक,
राष्ट्रीय पोवारी दिवस आमला साजरो करनो से।।

सनातन हिन्दू धर्म को प्रति प्रेम जगावनो से।
नवीं पीढ़ी मा धार्मिक अस्मिता जगावनो से।
हिन्दू नववर्ष को पावन पर्व पर धूमधाम लक।
राष्ट्रीय पोवारी दिवस आमला साजरो करनो से ।।

पोवार- पोवारी नावों को प्रति प्रेम जगावनो से।
समाज की सही पहचान मजबूत बनावनो से।
हिन्दू नववर्ष को पावन पर्व पर धूमधाम लक,
राष्ट्रीय पोवारी दिवस आमला साजरो करनो से ।।

पोवारी साहित्य ला नवीं ऊंचाई देवावनो से।
पोवारी भाषा ला राष्ट्रीय पहचान देवावनो से।
हिन्दू नववर्ष को पावन पर्व पर धूमधाम लक,
राष्ट्रीय पोवारी दिवस आमला साजरो करनो से।।

समाज ला षड़यंत्रों पासून मुक्ति देवावनो से।
षड़यंत्रों पासून पोवार- पोवारी नाव बचावनो से।
झामल- झूमल लक नहीं चलन को काम आता,
राष्ट्रीय पोवारी दिवस धूमधाम लक मनावनो से।।
-ओ सी पटले
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5 महीने पहले

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