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काग़ज़ पर दिल की भावना

                
                                                         
                            काग़ज़ पर दिल की भावना,
                                                                 
                            
लिखता रहता, रोज़ मिटाता।
कुछ यादें, मुलाक़ातें रोज़ सजाता,
और तुमसे मिलने की कामना...
काग़ज़ पर दिल की भावना।
कुछ शब्दों में, कुछ एहसासों में,
कुछ आँखों में, कुछ श्वासों में,
मन को देता रोज़ यातना...
काग़ज़ पर दिल की भावना।
तुम बारिश की बूँद हो पहली,
शायद तुम हो एक पहेली,
क्या तुमको आता आँखों को पढ़ना...
काग़ज़ पर दिल की भावना,
लिखता रहता, रोज़ मिटाता।
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12 घंटे पहले

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