कारोबार चलता है तो ब्योपार फलता है
हर-चीज के लेन-देन से बाज़ार चलता है!
किरदारों की होती है परख मु'आसरे में
आम-ओ-खास के दमसे संसार चलता है!
-एन आर. कस्वाँ
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