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कितना मासूम प्यारा सा लगता है

                
                                                         
                            कितना मासूम प्यारा सा लगता है
                                                                 
                            
प्यारी प्यारी शरारत वो करता है
माथे पे काजल की बिन्दी लगा
बेटा माँ का दुलारा सा लगता है

हंस के सबको सिखाता है वो बचपना
दिल में बस कर दिखाता है वो सपना
उसकी आँखों में बसती है जादूगरी
सबकी उम्मीद का है वो एक आईंना

उसका मासूम चेहरा बहुत खूब है
उसकी बातों के सारे ही महबूब हैं
अपने माँ बाप की है तस्वीर वो
उसकी नजरों मे प्यारी सी धूप है

मेरे लखते ज़िगर तू रहे कामयाब
मेहनत से करता रहे तू हिसाब
रब से तुझको इनायत मुस्लसल मिले
तुझको दुनिया जहां सब मुकम्मल मिले
 
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5 वर्ष पहले

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