एक सुन्दर कन्या
एक प्यारी कन्या
एक भोली कन्या
जिसके पीछे सारा जहां आज पड़ा है
बात करन को सारा इंसान खड़ा है
उसकी भोली सूरत
लागे मन की मूरत
उसकी आँखें नशीली
करती मन में सिली सिली
उससे मिलन को दिल मेरा परेशान बड़ा है
हालात का हर सामना करने को खड़ा है
उसकी मस्त जवानी
करती पागल सी शैतानी
उसका अल्हड़पन, बेकल मन
दिल में करें खूब चुभन
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