हमनें तो उस कुसूर की भी काटी है सज़ा,
थी जिसमें शामिल उसके गुनाह की रज़ा।
न यूॅ॑ फिर रुलाओ मुझे हॅ॑सी हूॅ॑ अभी-अभी
है क़त्ल में मुश्किल मिलें सुलह की रज़ा।
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