हिंदी विषय से M .A. की हुई लड़कियां,जब
ब्याह दी जाती है किसी इंजीनियर से,
फिर वो दिलो में खोजती है प्रेम के भाव,
घर के हर कोने में खोजती है कबीर और तुलसी,,,
घर के काम से होकर फुरसत कुछ
आसूं बहा,
खुद ही करती है खुद की व्याख्या।
तब तक उन्हें कोई नहीं सुनता,
जब तक कि वो सफल न हो जाए,
बस इसी को सिद्ध करने के लिए वो
करती रहती है तपस्या ।।।
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