अफसोस नहीं कि हम अलग हुए..
दुख नहीं की बिछड़ गए..
गम नहीं की साथ नहीं है..
रंज नहीं..
क्यूंकि..
हमें तुम्हें अब वो बात नहीं है..
मेरे पास दुआ है बस..
जो तू चाहे वह मिले तुझे..
इतना तो है ही..
ना रह पाए..
पापा, पोता साथ कभी..
पापा के लाए हुए..
खिलौने..
जो नितांत अकेले हैं..
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