शिक्षक दीपक है,शिक्षक प्रकाश है
शिक्षक अवनी और आकाश है
शिक्षक बिखराता ज्ञान का प्रकाश है
शिक्षक से हुलास है विलास है
शिक्षक से बड़ा कोई कद नहीं है
शिक्षक से बड़ा कोई पद नहीं है
शिक्षक राष्ट्र निर्माता है
शिक्षक ज्ञान दाता है
शिक्षक करता चरित्र निर्माण है
शिक्षक करता समाज निर्माण है
शिक्षक के पास त्याग है
शिक्षक के पास आग है
शिक्षक का सम्मान है
शिक्षक से जहान है
शिक्षक से हिंदुस्तान है।
- सत्येन्द्र कुमार सिंह 'सहज'
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