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मेरा मुजफ्फरपुर वहां है

                
                                                         
                            लीची में मीठास जहां है
                                                                 
                            
आम में मीठास जहां है
अमरूद में मीठास जहां है
जन जन में विश्वास जहां है
लोगों से आस जहां है
गरीब स्थान जहां है
निराला निकेतन जहां है
गांधी पुस्तकालय जहां है
नवयुवक समिति जहां है
मोती झील जहां है
जीरो माइल जहां है
मेडिकल चौक जहां है
कविता का संसार जहां है
कवि कलाकार जहां हैं
बड़े बड़े पत्रकार जहां है
बड़े बड़े नाटककार जहां है
बड़े बड़े बागान जहां हैं
बड़े बड़े साहित्यकार जहां हैं
बड़े बड़े कर्णधार जहां हैं
क्रांतिकारियों का संसार जहां है
मेरा सच्चा प्यार जहां है
मेरा प्यारा भीखन पुर जहां है
मेरा प्यारा मुजफ्फरपुर वहां है।
- सत्येन्द्र कुमार सिंह 'सहज'
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46 मिनट पहले

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