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भावों में उतरना होगा

                
                                                         
                            मैं खामोशी हूं , जो पढ़ना चाहो तो
                                                                 
                            
भावों में उतरना होगा
सुबह की सुनहरी धूप हूं
जो ये लालिमा देखना चाहो तो
सूरज निकलने से पहले
उठना होगा
आसमा तक की उड़ान चाहिए तो
चील सा जुनून रखना होगा
तारों की भीड़ में सितारा बनना है तो
कर्म की भट्टी में तपना होगा
गुरु का जो हो सच में मान तो
एकलव्य का शिष्य बनना होगा
नहीं मिलती मंज़िल चाहने से
लक्ष्य की आंखों को अर्जुन सा भेदना होगा
ईश्वर का आशीष चाहते हो तो
पूर्ण समर्पण करना होगा
जो पाने की हो , आकांक्षा
वैसी सोच रखना होगा !!
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7 महीने पहले

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