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बारिश पर ये हैं 20 बड़े शेर...

बारिश पर ये हैं 20 बड़े शेर...
                
                                                         
                            
बारिश से मन का रिश्ता बहुत गहरा है, मन का मौसम बारिश से सबसे ज्यादा प्रभावित होता है। किसी की याद सताने लगती है तो कभी खुशनुमा सा माहौल लगता है। इस बदलते मन को एक शायर से ज्यादा शायद ही कोई महसूस कर सकता हो, इसलिए पेश हैं आपके लिए बारिश पर लिखे बेहतरीन शेर
 

याद आई वो पहली बारिश
जब तुझे एक नज़र देखा था
- नासिर काज़मी


उस ने बारिश में भी खिड़की खोल के देखा नहीं
भीगने वालों को कल क्या क्या परेशानी हुई
- जमाल एहसानी

शायद कोई ख्वाहिश...

शायद कोई ख्वाहिश रोती रहती है,
मेरे अन्दर बारिश होती रहती है
- अहमद फ़राज़


धूप सा रंग है और खुद है वो छाँवो जैसा
उसकी पायल में बरसात का मौसम छनके
- क़तील शिफ़ाई

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शायद कोई ख्वाहिश...

8 वर्ष पहले

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