पिथौरागढ़ के मूनाकोट विकासखंड स्थित ग्राम ध्याण के ग्रामीणों ने एसएसबी पर गांव की गोचर भूमि पर अतिक्रमण करने का आरोप लगाते हुए डीएम से शिकायत की है। ग्रामीणों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय सीमा क्षेत्र के पास एसएसबी ने उनकी गोचर भूमि पर कब्जा कर पेयजल लाइन भी क्षतिग्रस्त कर दी है। उन्होंने डीएम एसएसबी के अस्थाई कैंप को अन्य जगह शिफ्ट करने की मांग की है। सौन पट्टी युवा संगठन के अध्यक्ष ललित भंडारी के नेतृत्व में कलेक्ट्रेट पहुंचे ग्रामीणों ने कहा कि एसएसबी का अस्थाई कैंप नेपाल सीमा से करीब 10 किमी दूर धारण गांव में स्थित है। ध्याण की गोचर भूमि पर कब्जा कर एसएसबी ने अस्थाई कैंप स्थापित किया है। उन्होंने कहा कि उनकी आजीविका का मुख्य साधन पशुपालन है। गोचर भूमि पर कब्जा करने से उन्हें पशुओं के लिए चारा मिलना भी मुश्किल हो गया है। वहीं एसएसबी ने पेयजल लाइन भी क्षतिग्रस्त कर दी है इससे उनके गांव में जलापूर्ति ठप हो गई है। मजबूरन हमें प्राकृतिक जल स्रोतों से पानी ढोकर अपनी प्यास बुझानी पड़ रही है। उन्होंने डीएम से मामले में हस्तक्षेप कर समाधान करने की मांग की। चेतावनी देते हुए कहा उनकी गोचर भूमि से कब्जा नहीं हटाया गया तो वे सड़कों पर उतरेंगे। डीएम ने एक महीने के भीतर मामले का समाधान करने का आश्वासन दिया। ज्ञापन देने वालों में वन सरपंच कल्याण सिंह, विक्रम भट्ट, मोहन सिंह, भूपेंद्र सिंह, महिपाल सिंह, शकुन की पूर्व प्रधान माया देवी, लक्ष्मण सिंह, सोनू आदि मौजूद रहे।