कृषि विज्ञान केंद्र की नर्सरी में हाइब्रिड सब्जियों के 10 हजार से अधिक पौधे तैयार किए हैं। इन पौधों को न्यूनतम कीमत पर किसानों को उपलब्ध कराया जा रहा है। पिथौरागढ़ के गैना में स्थित कृषि विज्ञान केंद्र की नर्सरी में हर सीजन में सब्जियों की पौध तैयार की जाती हैं। सब्जी विशेषज्ञों की देखरेख में तैयार नर्सरियों में हाइब्रिड पौधे तैयार किए जाते हैं। शिमला मिर्च, टमाटर, बैंगन के 10 हजार पौधे तैयार किए गए थे। इनमें से चार हजार से अधिक पौधों की ब्रिकी की जा चुकी है। इसके अलावा कद्दू, लौकी, तोरई की नर्सरी भी बनाई गई है। छह हजार से अधिक पौधे किसानों को उपलब्ध कराए जा चुके हैं। कृषि विशेषज्ञों के अनुसार हाइब्रिड पौधों से अच्छा उत्पादन होता है। हाइब्रिड सब्जियों के बीज काफी महंगे होते हैं। यदि किसान स्वयं नर्सरी तैयार करते हैं तो उन्हें सब्जियों की अच्छी किस्म और बीजों की जानकारी होनी जरूरी है। किसानों को अधिक लाभ मिले, इसके लिए सबसे अच्छी किस्मों का चुनाव कर कृषि विज्ञान केंद्र की नर्सरियों में पौधे तैयार किए जाते हैं। इन पौधों को न्यूनतम दामों पर किसानों को उपलब्ध कराया जाता है।