रामनगर में कॉर्बेट टाइगर रिजर्व से राजाजी पार्क भेजने के लिए पांचवें बाघ को पकड़ लिया है। बुधवार देर रात मेडिकल चेकअप के बाद बाघ को राजाजी पार्क भेज दिया। राजाजी पार्क के मोतीचूर-धौलखंड क्षेत्र में बाघों की संख्या बढ़ाने के लिए कॉर्बेट लैंडस्केप से पांच बाघ भेजने की योजना बनाई गई थी। इसी क्रम में 23 दिसंबर 2020 को कॉर्बेट के बिजरानी रेंज से एक बाघिन, छह जनवरी 2021 को झिरना रेंज से एक बाघ, 10 जून 2023 को बिजरानी से बाघिन, 28 जुलाई 2023 को कालागढ़ क्षेत्र से बाघिन को राजाजी भेजा गया था। कॉर्बेट पार्क से भेजी गई बाघिनों के शावक होने पर कुछ समय अभियान रोका गया था। मंगलवार देर रात आखिरी यानी पांचवें बाघ (5 साल) को कॉर्बेट टाइगर रिजर्व के बिजरानी रेंज के सांवल्दे नॉन-टूरिज्म क्षेत्र से ट्रैंकुलाइज किया। स्वास्थ्य जांच के बाद उसे सैटेलाइट रेडियो कॉलर पहनाया गया। पार्क वार्डन अमित ग्वासीकोटी ने बताया कि सैटेलाइट रेडियो कॉलर से बाघ की गतिविधियों पर निगरानी रखी जाएगी। सीटीआर निदेशक डॉ. साकेत बडोला ने बताया कि राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण (एनटीसीए) और भारत सरकार के सहयोग से इस प्रोजेक्ट को सफलतापूर्वक पूरा कर लिया है।