हरिद्वार शहर में बढ़ता नशा और यौन शोषण के एक मामले को लेकर युवा कांग्रेस ने सड़कों पर उतरकर विरोध जताया। भाजपा की पूर्व जिला महिला अध्यक्ष से जुड़े प्रकरण में अन्य आरोपियों पर कार्रवाई की मांग के लिए कार्यकर्ता ने नगर विधायक का कार्यालय घेरने के लिए जा रहे थे, लेकिन पुलिस ने उन्हें रास्ते में ही रोक लिया। इस बीच कार्यकर्ताओं और पुलिसकर्मियों के बीच तीखी नोकझोंक भी हुई। पुलिस ने कई कार्यकर्ताओं को हिरासत में ले लिया। शनिवार को प्रेम नगर आश्रम से भाजपा विधायक मदन कौशिक के कार्यालय की ओर कूच कर रहे युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं को पुलिस ने कुछ ही दूरी पर बैरिकेडिंग कर रोक दिया। इस दौरान नारेबाजी और विरोध के बीच पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लेकर ज्वालापुर कोतवाली पहुंचाया, जहां बाद में उन्हें छोड़ दिया गया। युवा कांग्रेस जिलाध्यक्ष कैश खुराना ने आरोप लगाया कि शहर में नशे का अवैध कारोबार बेलगाम हो चुका है। नशा तस्कर खुलेआम सक्रिय हैं, जबकि उनके खिलाफ आवाज उठाने वालों को ही पुलिस कार्रवाई का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि गली-मोहल्लों में नशे की बिक्री से अपराध तेजी से बढ़ रहा है, लेकिन जिम्मेदार जनप्रतिनिधि इस पर चुप्पी साधे हुए हैं। महानगर कांग्रेस अध्यक्ष अमन गर्ग ने कहा कि एक बेटी के साथ हुए गंभीर अपराध के बावजूद क्षेत्रीय विधायक का मौन रहना चिंताजनक है। आरोप लगाया कि सत्ता के दबाव में मामले की निष्पक्ष जांच प्रभावित हो रही है। यूथ कांग्रेस ने अवैध नशे के खिलाफ सख्त कार्रवाई और संबंधित यौन शोषण मामले में सभी दोषियों को कठघरे में लाने की मांग को लेकर गिरफ्तारी दी है। महिला कांग्रेस की शहर अध्यक्ष लता जोशी ने कहा कि यह मुद्दा राजनीति का नहीं, बल्कि एक बेटी को न्याय दिलाने का है। उन्होंने मांग की कि मामले में संलिप्त हर व्यक्ति पर कठोर कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में ऐसे अपराधों पर रोक लग सके।