शाहजहांपुर के मोहल्ला महमंद जलालनगर में हजरत सैयद शहीद मर्द के दो दिवसीय उर्स का समापन हो गया। अंतिम दिन अकीदमतंदों ने दरगाह पर गुलपोशी व चादरपोशी कर मुल्क व कौम की तरक्की के लिए दुआ की। दिल्ली से आए कव्वालों ने धूम मचाई। गजलों पर युवाओं ने खूब नोट उड़ाए। रविवार की रात करीब आठ बजे दरगाह परिसर में कुलशरीफ की नूरानी महफिल सजाई गई। लखीमपुर से आए मौलाना खालिद तहसीनी ने तकरीर की। शायर किश्वर अली दानाई, सुहेल बरकाती, कारी नौशाद और कासिम ने नात पढ़ी। उलेमा ने कुरआन की तिलावत कर फातिहा की। सज्जादानशीन रेहान रजा कादरी ने दुआ की। सभी को लंगर बांटा गया। इस बीच वसीम बबलू कव्वाल ने अपने कलाम पेश किए। रात करीब 12 बजे दिल्ली से आए रियाज शोला कव्वाल ने अपने कलामों से धूम मचा दी। उन्होंने युवाओं की मांग पर गजलें सुनाकर लोगों की वाह-वाही लूटी। इस मौके पर सपा जिलाध्यक्ष तनवीर खां, शाहबान, आफताब, नफीस,अकरम, नौशाद आदि मौजूद रहे।