जगतगुरु शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने शिवगढ़ में अपनी यात्रा के दौरान गाय को राष्ट्रीय माता का दर्जा दिए जाने की पुरजोर वकालत की है। यात्रा के दौरान स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने राम मंदिर के संबंध में अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि वर्तमान स्वरूप में यह आरएसएस का कार्यालय है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि जब यह मंदिर पूर्ण रूप से बन जाएगा तब सभी दर्शन करने जाएंगे। गाय की रक्षा और राष्ट्रीय माता का दर्जा: स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने पूरे प्रदेश में लोगों से गाय की रक्षा करने की अपील की। उन्होंने जोर देकर कहा कि गाय को माता मानने में ही सभी का कल्याण है। उन्होंने खेद व्यक्त किया कि लोग अनजाने में गाय की अवहेलना कर कितना बड़ा पाप कर रहे हैं, जबकि उन्हें यह समझना होगा कि गाय केवल पशु नहीं, बल्कि एक पूजनीय मां है। उनके अनुसार, यदि गाय को दुख होगा तो सभी को कष्ट होगा, इसलिए विश्व समुदाय को गोमाता की रक्षा के लिए आगे आना चाहिए। वेदों और पुराणों में भी गाय के महत्व को रेखांकित किया गया है और उसकी रक्षा करना प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है।