मथुरा की कृषि उत्पादन मंडी में धान की बिक्री को लेकर मंडी में घमासान मचा हुआ था, लेकिन पांच दिन की बंदी के बाद शुक्रवार को मंडी खुली तो नजारा बदला हुआ दिखा। किसानों की शिकायत है कि अब भी उन्हें धान की उचित कीमत नहीं मिल रही है। दिवाली से पहले मंडी में बड़ी संख्या में किसान आ रहे थे और धान की अधिकता के कारण व्यापारी उठान तक नहीं करवा पा रहे थे। व्यापारी राजेश कुमार ने बताया कि किसान त्योहार से पहले माल बेचना चाहता था ताकि अच्छे तरीके से त्योहार मना सके। इसी बीच किसानों ने दिवाली से एक दिन पहले मंडी की दीवार भी तोड़ दी थी। 19 अक्टूबर से मंडी को बंद कर दिया गया। शुक्रवार को पांच दिन बाद मंडी खुली तो ना पहले जैसी भीड़ थी और ना ही किसान और व्यापारियों में जद्दोजहद का माहौल था। आढ़ती मुकेश सिसोदिया ने बताया कि अब मंडी में स्थिति सामान्य है। धन गुणवत्ता के अनुसार 2200 रुपये प्रति कुंतल से 3000 रुपये प्रति कुंतल तक खरीदा जा रहा है।