गोंडा जिले के तरबगंज के दंडीस्वामी आश्रम शारदापीठ के महंत नर्वदेश्वर दंडीस्वामी (62) द्वारा जीवित समाधि लेने की घोषणा से क्षेत्र में खलबली मच गई। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन एक्शन मोड में आ गया है। पुलिस ने चेतावनी दी है कि कोई भी गैर-कानूनी कदम उठाने पर सख्त वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। जानकारी के अनुसार, पथार तिवारी पुरवा निवासी नरसिंह नाथ तिवारी ने करीब 27 वर्ष पूर्व संन्यास ग्रहण कर अपना नाम नर्वदेश्वर दंडीस्वामी रख लिया था। उनके तीन बेटे हैं और देशभर में करीब एक दर्जन आश्रम हैं। गांव के पास मल्लाहन पुरवा स्थित आश्रम के स्थापना दिवस पर प्रतिवर्ष 31 मार्च को भंडारे का आयोजन होता है। करीब एक पखवाड़े पूर्व महंत ने घोषणा की थी कि वह स्थापना दिवस की रात इसी आश्रम में जीवित समाधि ले लेंगे। उन्होंने इसके लिए पहले से एक समाधि स्थल भी बनवा रखा है। मंगलवार को यहां भंडारे का आयोजन किया गया है। उनकी घोषणा को लेकर लोगों में कौतूहल है। प्रभारी निरीक्षक श्रीधर पाठक ने बताया कि जीवित समाधि की सूचना पर पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। महंत व उनके परिजनों को स्पष्ट रूप से आगाह किया गया है कि कानून के विरुद्ध किसी भी प्रयास को गंभीरता से लिया जाएगा।