हाल ही में आए मोंथा तूफान से क्षेत्र के सैकड़ों किसानों की फसलें पूरी तरह बर्बाद हो गई हैं। गेहूं, चना, अरहर, सरसों जैसी खड़ी फसलों के नुकसान से किसान बेहाल हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि अब तक किसी भी लेखपाल या राजस्व विभाग के अधिकारी ने प्रभावित गांवों में जाकर फसलों का मुआयना नहीं किया है। किसान बुधवार को इसकी शिकायत लेकर डीएम चंद्रमोहन गर्ग के पास पहुंचे। डीएम ने आश्वासन दिया है। किसान नेता पिंटू पाल ने कहा कि अगर जल्द ही प्रशासन द्वारा सर्वे कराकर किसानों को मुआवज़ा नहीं दिया गया, तो किसान आंदोलन करने को विवश होंगे। उन्होंने चेतावनी दी कि किसानों की अनदेखी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।उन्होंने कहा कि मोंथा तूफान से तबाह किसानों को राहत दिलाना प्रशासन की जिम्मेदारी है। अगर शासन-प्रशासन ने जल्द कार्रवाई नहीं की, तो हम सड़क पर उतरकर आंदोलन करेंगे। ग्रामीणों ने प्रशासन से तत्काल सर्वे कराकर किसानों को राहत राशि देने की मांग की है।