जिले की तीनों तहसीलों में शनिवार को संपूर्ण समाधान दिवस का आयोजन हुआ। जहां फरियादियों की समस्याएं अफसरों ने सुनी। औराई तहसील में डीएम विशाल सिंह ने शिकायतें सुनी। अधिवक्ताओं और फरियादियों ने लेखपाल और तहसील कर्मियों पर पैसा मांगने का आरोप लगाया। जिस पर डीएम ने नाराजगी जताई। औराई तहसील सभागार में समाधान दिवस उप जिला अधिकारी बरखा सिंह की अध्यक्षता में शुरू हुआ। करीब 11 बजे डीएम विशाल सिंह और एसपी डॉ. मीनाक्षी कात्यायन पहुंची। आला अफसरों के पहुंचने पर फरियादी कतारबद्ध होकर खड़े हो गए। एक-एक कर फरियादी अपने समस्याएं सुनाने लगे। अधिवक्ताओं ने एक तहसील कर्मी पर पैसा लेकर फाइल आगे बढ़ाने की बात कही। जिस पर डीएम ने एसडीएम से कहा कि उक्त कर्मचारी को वहां से हटा दिया जाए। डीएम ने सभी अधिकारियों को चेतावनी दिया कि शिकायतों का निस्तारण प्राथमिकता से किया जाए। समाधान दिवस पर सबसे अधिक राजस्व के ही मामले देखे गए। यहां कुल 56 प्रार्थना पत्र आए, जिसमें सात का निस्तारण हुआ। इसके बाद डीएम तहसील में एसडीएम न्यायालय, तहसीलदार न्यायालय, नायब तहसीलदार न्यायालय का निरीक्षण करते हुए फाईलों के रख-रखाव व रजिस्टर पंजिका व साफ-सफाई पर आवश्यक दिशा निर्देश दिया। उन्होंने सभी न्यायालयों से सबसे पुराने व लंबित 10-10 केसों की फाईल निकलवाकर अवलोकन किया। कहा कि जल्द इनका निस्तारण किया जाए। इस मौके पर सीएमओ डॉ. एसके चक, एक्सईएन पीडब्लयूडी जैनू राम, सीओ अमर सिंह चावड़ा, सीडीपीओ रीता अवस्थी, बीडीओ बृजेश त्रिपाठी, तहसीलदार सुनील कुमार आदि रहे। तहसील ज्ञानपुर में अपर जिलाधिकारी वित्त राजस्व कुंवर वीरेंद्र मौर्य, एएसपी डॉ. तेजवीर सिंह, एसडीएम अरूण गिरि की मौजूदगी में जन शिकायतें सुनी गई जबकि भदोही में एडीएम न्यायिक एसएन सिंह, एसडीएम भान सिंह ने शिकायतें सुनी। भदोही में 45 में पांच और ज्ञानपुर में 32 में छह मामले निस्तारित हुए।