अंबेडकरनगर। हजरत मखदूम अशरफ दरगाह में रविवार को ईरान के सुप्रीम लीडर के प्रतिनिधि डॉ. अब्दुल मजीद हकीम इलाही अपने काफिले के साथ दरगाह पहुंचे। उनके आगमन को लेकर दरगाह परिसर में सुबह से ही उत्साह का माहौल बना रहा। कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच दोपहर करीब एक बजे उनका काफिला दरगाह परिसर पहुंचा। सबसे पहले उन्होंने दरगाह के सज्जादानशीन सैयद मोहिउद्दीन अशरफ के आवास पर पहुंचकर मुलाकात की। दोनों के बीच करीब एक घंटे तक धार्मिक, सामाजिक और वैश्विक मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई। इसके बाद डॉ. हकीम इलाही दरगाह शरीफ पहुंचे, जहां खानवाद-ए-अशरफिया से जुड़े सैयद फैजान अहमद, सैयद अज़ीज अशरफ, सैयद खलीक अशरफ और सैयद सेराज अशरफ ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। दरगाह पहुंचकर उन्होंने हजरत सैयद मखदूम अशरफ की मजार पर अकीदत पेश की और भारत-ईरान के बेहतर संबंधों, अमन-चैन, इंसानियत और दोनों देशों की तरक्की के लिए विशेष दुआ मांगी। जियारत के बाद डॉ. अब्दुल मजीद हकीम इलाही ने दरगाह की चौखट पर खड़े होकर ट्रांसलेटर के माध्यम से करीब 20 मिनट तक लोगों को संबोधित किया। उन्होंने भारत और ईरान के ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक रिश्तों का जिक्र करते हुए आपसी भाईचारे, शांति और इंसानियत के संदेश को मजबूत करने पर जोर दिया।