अंबेडकरनगर में पुलिस लाइन स्थित सभागार में बृहस्पतिवार को नए आपराधिक कानूनों के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए एनसीएल जागरुकता अभियान 2.0 के तहत एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित की गई। इसमें वक्ताओं ने नए कानूनों की विशेषताओं के बारे में जनकारी दी। कार्यशाला के दौरान विशेषज्ञों ने शून्य एफआईआर, ई-एफआईआर, समयबद्ध न्याय, महिला एवं बाल संरक्षण, नए अपराधों की परिभाषा, फोरेंसिक विज्ञान और प्रौद्योगिकी के उपयोग तथा पीड़ित-केंद्रित प्रावधानों पर विस्तारपूर्वक प्रकाश डाला। एसपी अभिजीत आर. शंकर ने कहा कि न्याय प्रणाली को अधिक पारदर्शी, त्वरित और जनसुलभ बनाना हमारी जिम्मेदारी है। नए आपराधिक कानूनों को व्यवहारिक रूप से लागू कर अंबेडकरनगर को कानून-व्यवस्था के क्षेत्र में एक आदर्श जनपद के रूप में स्थापित किया जा सकता है। पुलिस अधिकारियों ने प्रतिभागियों को नए कानूनों की प्रमुख विशेषताओं और उनके सामाजिक महत्व बताए। उन्होंने आम जनता और छात्र-छात्राओं को कानून की जानकारी देकर समाज में साक्षरता फैलाने के लिए प्रेरित किया। जनपद के विभिन्न थानों से उपनिरीक्षक, प्रभारी निरीक्षक, थानाध्यक्ष एवं क्षेत्राधिकारीगण ने प्रत्यक्ष व वर्चुअल माध्यम से कार्यशाला में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर एएसपी पश्चिमी हरेंद्र कुमार, सीओ सिटी नीतीश कुमार तिवारी, टांडा शुभम कुमार, न्यायालय से आए विशिष्ट अतिथि संयुक्त निदेशक अभियोजन दुर्गेश कुमार श्रीवास्तव, अभियोजन अधिकारी अशोक कुमार ज्येष्ठ, सहायक अभियोजन अधिकारी अरुण कुमार सिंह और धर्म नारायण मौजूद रहे।